चकाचौंध से निकलने में काफी हद तक सहायक हस्तकला

जागरणसंवाददाता,बलिया:त्योहारपरपुरानीपरंपराकोजीवंतरखनेवहस्तशिल्पसेजुड़ीवस्तुओंकोअपनानेकेलिएप्रोत्साहितकरनेकेउद्देश्यसेआफिसर्सक्लबमेंदीया-बातीप्रदर्शनीसोमवारकोलगाईगई।13नवंबरतकचलनेवालीइसप्रदर्शनीकाशुभारंभआकांक्षासमितिकीअध्यक्षपूनमशाहीनेकिया।प्रदर्शनीमेंस्वयंसहायतासमूहकीमहिलाओंद्वारातैयारकीगईतरह-तरहकीघरेलूसामग्रियोंकेस्टाललगाएगएहैं।इसकीखरीदारीवहांमौजूदलोगोंनेबड़ेउत्साहसेकी।

इसमौकेपरपूनमशाहीनेकहाकिप्रकृतिहमेंसमय-समयपरसचेतकरतीहैकिअबसंभलजाएं।कोरोनाकाकहरइसकाताजाउदाहरणहै।आजयहजरूरीहोगयाहैकिहमअपनीपुरानीपरंपराओंकोलेकरचलें।हमसबसंकल्पलेंकिइसबारदिवालीत्योहारकोपरंपरागतवमूलस्वरूपमेंहीमनाएं।समितिकीसदस्याशीलायादववसीमायादवनेभीअच्छाईकीजीतकेउत्साहवालेइसत्योहारपरमिट्टीकेदिएजलानेकाआह्वानकिया।कार्यक्रममेंमिशनशक्तिअभियानकेतहतहस्ताक्षरअभियानचलायागया,जिसमेंजिलाधिकारीसमेतअन्यअतिथियोंनेप्रतिभागकिया।इसकाउद्देश्यमहिलासुरक्षावबालिकाशिक्षाकेप्रतिलोगोंकोजागरूककरनाथा।इसमौकेपरसीडीओविपिनजैन,एसडीएमसदरराजेशयादव,डिप्टीकलेक्टरसीमापाण्डेयवसर्वेशयादव,बीएसएशिवनारायणसिंह,उपायुक्तउद्योगराजीवपाठकआदिलोगमौजूदथे।

मूलपरंपराओंकोकायमरखनेकीजरूरत

दीया-बातीप्रदर्शनीमेंडीएमएसपीशाहीनेकहाकिप्रकृतिवपर्यावरणकेसंरक्षणसंगग्रामीणस्तरकीहस्तशिल्पसेजुड़ीवस्तुओंकेप्रतिप्रोत्साहितकरनाइसप्रदर्शनीकामूलउद्देश्यहै।प्रकृतिकेप्रतिसंवेदनशीलता,उससेप्रेमसेजुड़ेसंदेशकोहमभूलतेजारहेहैं।एककुम्हारकाहाथचलताहैतोकिसतरहमिट्टीकारूपबदलताहै,अबसबकोउसकलावरूपकासम्मानकरनाहोगा।

नाटककेजरिएबतायामिट्टीकेदीयोंकामहत्व

प्रदर्शनीमेंआशीषत्रिवेदीकेनेतृत्वमेंसंकल्पसंस्थाद्वाराप्रस्तुतनाटकभीबेहदखासरहा।कलाकारोंनेदीया-बातीनाटककीशानदारप्रस्तुतिदी।नाटककेजरिएसंदेशदियाकिमिट्टीकेदिएकाजुड़ावहमारीसंस्कृतिवसभ्यतासेहै,लिहाजाहमेंदीवालीमेंमिट्टीकेदिएहीजलानेचाहिए।नाटकमेंआनंदचौहान,अर्जुन,सोनी,ट्विकलगुप्ता,वैभव,अमन,रोहित,अखिलेशकाअभिनयशानदाररहा।डीएम,एएसपीसंजयकुमारनेकलाकारोंकीपीठथपथपाकरउनकीहौसलाआफजाईकी।

सैंडआर्टिस्टकीकलाकृतिकोसबनेसराहा

दीय-बातीप्रदर्शनीमेंसैंडआर्टिस्टरूपेशसिंहनेआफिसर्सक्लबपरिसरमेंशानदारकलाकृतिबनाईथी।इसकोडीएम,आकांक्षासमितिकीअध्यक्ष,एसडीएमसीमापाण्डेयसमेतवहांमौजूदअधिकारियोंवआमलोगोंनेदेखा।इसकेबादहरकिसीनेइसकीसराहनाकी।कलाकृतिमेंएकतरहगणेशजीकीमूर्तितथाबेटीबचाओअभियानप्रदर्शितथा,तोवहींदूसरीतरफमिटृटीकेदिएजलानेकेप्रतिप्रेरितकरनेवालासंदेशथा।

हस्तशिल्पसेनिर्मितचीजेंबनीआकर्षणकाकेंद्र

दीया-बातीप्रदर्शनीमेंबेसिकशिक्षाविभाग,महिलाकल्याणविभाग,पेंशनवछात्रवृत्तिसेजुड़ेविभागोंसंगदर्जनभरविभागोंनेस्टॉललगाकरविभागीययोजनाओंकीजानकारीसाझाकिया।वहांजानेवालेलोगोंकोसरकारकीयोजनाओंवउसकालाभकैसेलें,इसकेबारेमेंबतायागया।बच्चोंकेलिएलर्निंगमैटेरियलसेजुड़ीचीजोंकीबेसिकशिक्षाविभागकीप्रदर्शनीभीबेहदखासबनीरही।

अधिकारियोंनेभीचाकपरआजमायाहाथ

दीया-बातीप्रदर्शनीमेंगंवईपरिवेशकोदिखानेकेलिएकुम्हारोंकाचाक,बैल-गाड़ी,अन्यगांवकीपुरानीपरंपराओंसेजुड़ीचीजेंथीं।कुम्हारीकलापरहाथआजमातेहुएएसडीएमसदरराजेशयादववबीएसएशिवनारायणसिंहनेचाकचलाकरदिएबनानेकाप्रयासकिया।वहांमौजूदकुम्हारोंकेसहयोगसेकईदिएभीबनाडाले।