हिंदुत्व के सहारे कब तक टिका रहेगा बीजेपी का भविष्य?

नईदिल्ली।राजनीतिकदृष्टिसेदेशकेसबसेअहमराज्ययूपीमेंबीजेपीकेराजनीतिकविरोधीदावाकरतेहैंकिप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीकायूजरनेम‘विकास’हैलेकिनउसकापासवर्ड‘हिंदुत्व’है।बीजेपीनेयोगीआदित्यनाथकोसीएमबनाकरइसविरोधकोदिशाभीदीहै।डिप्टीसीएमकेपदपरएकब्राह्मणऔरएकओबीसीनेताकोबिठायागयाहै,इनदोनोंनेताओंकीराजनीतिकयात्राहिंदुत्वकेबैनरतलेहीशुरूहुईथी।

इसतथ्यसेकोईभीइनकारनहींकरसकताहैकिमोदीऔरबीजेपीमेंउनकेसहयोगियोंनेयूपीकेचुनावीकैंपेनमेंविकाससेशुरूहुईरैलियोंमेंहिंदुत्वकानाराभीउछालदिया।विरोधीअपनेआरोपोंमेंकहतेभीहैंकियूपीमेंबीजेपीकीजीतध्रुवीकरणकापरिणामहै।हिंदुओंकेध्रुवीकरणने,चाहेवास्तविकहोयाकाल्पनिक,विपक्षकोधराशायीकरदिया।विपक्षकेअंदरकीदुविधाअभीतकबनीहुईहै।इसकीबानगीयोगीआदित्यनाथपरअभीतककीप्रतिक्रियाओंसेनजरआरहीहै।

कांग्रेसप्रवक्तामनीषतिवारीइसे‘श्मशान-कब्रिस्तानकीराजनीति’काहीविस्तारसमझतेहैंजबकिपार्टीकेमुख्यप्रवक्तारणदीपसुरजेवालारक्षात्मकरूपमेंनजरआतेहैं,उन्होंनेकहाकियहसत्ताधारीपार्टीकाविशेषाधिकारहैकिवहकिसीमुख्यमंत्रीचुनेऔरकांग्रेसइसपरनजररखेहुएहै।सेक्युलरदरकिसीतरहसेरक्षात्मकमुद्रामेंआगएहैं,इसपरएकमुस्लिमनेताअफसोसजतातेहुएकहतेहैंकिवहहमसेरातकेअंधेरेमेंमिलनाचाहतेहैं,लेकिनदिनमेंहमेंपहचानतेभीनहीं।

लोकसभाचुनावकेबादकांग्रेसकेवरिष्ठनेताएकेएंटनीनेकहाथाकिपार्टीकीहिंदूविरोधीछविनेउसेनुकसानपहुंचाया।यूपीकेपरिणामनेएकबारफिरऐसीहीअटकलोंकोतेजकरदियाहै।

मुख्यविपक्षीपार्टीकीतकलीफकेबीचहालकेविधानसभाचुनावनेबीजेपीकोभीसबकदियाहै।2014केबादमोदीलहरमेंपार्टीनेमहाराष्ट्र,हरियाणा,जम्मू-कश्मीर,असमऔरबाकीराज्यकांग्रेससेछीने।इनसभीराज्योमेंकांग्रेससत्ताविरोधीलहरकासामनाकररहीथी।बीजेपीकोभीपहलीबारइसबीचसत्ताविरोधीलहरकासामनाकरनापड़ा।पंजाबऔरगोवामेंकांग्रेसबीजेपीसेआगेरही।मोदीकीलोकप्रियतानेपार्टीकोपंजाबमेंहिंदुओंकेवोटभीनहींदिलाएऔरगोवामेंतोपार्टीलगभगकांग्रेससेहारहीचुकीथी।

संभावनाहैकिमोदीलहरगुजरातमेंबीजेपीसरकारकोलेकरबनीएंटीइनकमबेंसीकोतोड़डालेलेकिनबीजेपीकेलिएचुनौतीअबशुरूहोगीजबपार्टीकेशासनवालेराज्योंमेंचुनावहोनेहैं।नवंबर2017सेहीयहशुरूहोजानेवालाहै।पंजाबऔरगोवाकेपरिणामोंनेबीजेपीकीगवर्नेंसमॉडलकीछविकोभीचोटपहुंचाईहै।