यात्रा के दर्द से ज्यादा क्वारंटाइन के नाम पर मिला दुख

करमाटांड़:प्रवासियोंमजदूरोंकाघरवापसआनेकाक्रमलगातारजारीहै।प्रतिदिनकरमाटांड़प्रखंडक्षेत्रकेसैकड़ोंमजदूरअपनेघरलौटरहेहैं।कोईपैदलतोकोईसाइकिलसेतोकोईअपनीजिदगीदांवपरलगाकरट्रकोंसेघरवापसआरहेहैं।प्रवासीमजदूरोंकेपासएकस्थानसेदूसरेस्थानजानेतककेलिएपैसेनहींहैं।ऐसेमेंमजदूरघरसेपैसेमंगवानेकोविवशहैं।मंगलवारकोक्षेत्रकेकरीब35प्रवासीमजदूरमुंबई,दिल्ली,सूरत,पूणेपश्चिमबंगालसेलौटे।

देहरीलांघनेकेपहलेस्वास्थ्यकेंद्रगए:लौटरहेमजदूरअपनेपरिवारकीसुरक्षाकोलेकरघरकेबदलेपहलेसीधास्वास्थ्यकेंद्रजांचकोपहुंचे।स्वास्थ्यकेंद्रपरजबलोगपहुंचेतोउन्हेंथर्मलस्कैनिगकरसभीकोहोमक्वारंटाइनमेंरहनेकोकहागया।स्वास्थ्यकेंद्रकेडॉक्टरसंजयपासवाननेस्कैनिगकरनेकेबादलोगोंकोकईअहमजानकारियांदी।14दिनोंतकघरोंपरशारीरिकदूरीकेसाथअलगकमरेमेंरहनेकीसलाहदी।कहाकितबीयतखराबहोतीहैतोवहसीधेप्राथमिकस्वास्थ्यकेंद्रसेसंपर्ककरें।

बलरामहोमक्वारंटाइनवसेंटरतकचक्करलगातारहा:महकमाकेमनमानीरवैएकेकारणकईमजदूरपरेशानीमेंरहे।उन्हेंकभीस्वास्थ्यकेंद्रतोकभीक्वारंटाइनसेंटरकाचक्करकटवायागया।18मईकोकरमाटांड़रामपुरमाधोपुरकेनिवासीबलराममंडलमुंबईसेघरवापसलौटे।थर्मलस्कैनिगकरनेकेबादप्रशासननेनिर्देशानुसारडॉक्टरनेक्वारंटाइनसेंटरभेजनेकोपर्चीथमादी।बलराममंडलक्वारंटाइनसेंटरपहुंचेतोवहांसेउसेघरवापसकरदियागया।अबगांववालेउसेघरमेंप्रवेशनहींकरनेदेरहे।बलरामचितितहोकररातभरघरकेबाहरसोयाफिरसुबह19मईकोप्राथमिकस्वास्थ्यकेंद्रकरमाटांड़गया।बलराममंडलनेअपनीआपबीतीदैनिकजागरणसेकही।उन्होंनेकहाकिअगरउसेक्वारंटाइनकरनाहीहैतोप्रशासनिकअधिकारीकरें।14दिनकेलिएअपनेपरिवारवसमाजकीसुरक्षाकेलिएक्वारंटाइनमेंरहेंगेलेकिनइसतरहसेचक्करकटवानादुखदहै।अंतमेंउसेक्वारंटाइनसेंटरमेंजगहमिली।

क्याकहतेहैंप्रवासीमजदूर:सरकारप्रवासीमजदूरोंकोसुविधादेनेकादावाकरतीहैपरस्थितिबहुतभयावहहै।लॉकडाउनकेपूर्वकामकरनेकेलिएगएथे।लॉकडाउनमेंबढ़ीपरेशानीतोघरवापसलौटनाचाहतेथे।घरसेपैसामंगाकर2500कारेलटिकटलिए।दिल्लीसेधनबादपहुंचे।धनबादसेघरजानेकीकोईव्यवस्थानहींथी।ऐसेमेंघरसेमंगाकर1800रुपयेमेंकिरायाकावाहनलिएतोघरपहुंचपाए।---असलमबाबू,कुरुवानिवासी।

---पेंटिगकाकामपुणेमेंकरतेथे।लॉकडाउनमेंकामबंदहोनेसेरेाजपरेशानीबढ़रहीथी।सभीदोस्तोंनेमिलकरएकट्रककिराएपरकिए।चार-चारहजाररुपयाभुगतानकियागया।तबजाकरघरपहुंचेहैं।रास्तेमेंयात्रामेंपुलिसकीओरसेकही-कहींभोजनमिलजाताथा।

---फिरोजअंसारी,डुमरियानिवासी।

---मुंबईसेघरतोवापसआगएहैं,परंतुअबस्वास्थ्यविभागकेअधिकारीक्वारंटाइनकेनामपरचक्करकटवारहेहैं।परिवारएवंसमाजकेलोगगांवमेंप्रवेशकरनेनहींदेतेहैंऔरइलाजकेलिएयहांपरलोगहमेंक्वारंटाइनसेंटरमेंरखनहींरहाहै।मुंबईसेआनेकीदुखसेज्यादाअबयहांचक्करलगानेमेंतकलीफहोरहीहै।

बलराममंडल,रामपुरमाधवपुरनिवासी।